सीएम ने सदस्यों से कहा कि क्षेत्र-जनपद की योजनाएं तैयार करें, जिससे समय पर पैसा स्वीकृत-जारी हो और उसका बेहतर क्रियान्वयन हो
हमारी सरकार में हर जनपद और विधानसभा में कुछ न कुछ कार्य जरूर किया गया हैः मुख्यमंत्री
लखनऊ: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi) ने सदन की सुचारू कार्यवाही के लिए विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना (Assembly Speaker Satish Mahana) समेत पक्ष-विपक्ष के सभी सदस्यों का भी आभार जताया। विपक्षी सदस्यों से कहा कि अच्छे सुझाव हम नोट करते हैं और फिर उसे क्रियान्वित भी करते हैं। प्रदेश के व्यापक हित और विकसित भारत का विकसित उत्तर प्रदेश बनाने और वन ट्रिलियन डॉलर की इकोनॉमी बनाने के लक्ष्य में यह बजट मील का पत्थर साबित होगा। सीएम ने कहा कि इस बार चार विभागों ने अपनी कार्ययोजना को सदन में अनुदान की मांगों के माध्यम से प्रस्तुत किया। हमारा प्रयास होगा कि हर विभाग की कार्य योजना 15 मई तक तैयार हो जाए।
कनेक्टिविटी, इन्फ्रास्ट्रक्चर व कैपिटल एक्सपेंडिचर पर हुआ खर्च
सीएम ने सदस्यों से कहा कि क्षेत्र-जनपद की अलग-अलग विभागों से जुड़ी हुई मांगें अभी से क्रिएट करनी चाहिए, जिससे समय पर पैसा स्वीकृत-जारी हो सके और उसका बेहतर क्रियान्वयन हो सके। हमारी सरकार ने समय पर पैसा जारी किया। हर जनपद और विधानसभा में कुछ न कुछ कार्य जरूर किया गया है। सीएम ने अपनी सरकार को कनेक्टिविटी, इन्फ्रास्ट्रक्चर व कैपिटल एक्सपेंडिचर पर खर्च करने वाली सरकार बताया और कहा कि उस खर्च का परिणाम है कि उत्तर प्रदेश खुद को विकसित भारत के विकसित प्रदेश के रूप में खुद को स्थापित करने में सफल हुआ है।
18,136 मेगावाट पावर जनरेशन की क्षमता होगी हमारे पास
सीएम ने 1988 बैच के आईएएस व वर्तमान ऊर्जा मंत्री एके शर्मा की तारीफ की। सपा पर तंज कसते हुए सीएम ने कहा कि आपके समय में 7159 मेगावाट के प्लांट थे। हम लोगों ने इस क्षमता को बढ़ाकर पहले चरण में 11,595 मेगावाट किया। 6541 मेगावाट के नए प्लांट तैयार हो चुके हैं। अब स्वयं के स्रोतों से उत्तर प्रदेश में 18,136 मेगावाट पावर जनरेशन की क्षमता हमारे पास होगी। पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना का जिक्र करते हुए सीएम योगी ने कहा कि उत्तर प्रदेश ने 1.29 गीगावाट की सोलर क्षमता अर्जित की है। सपा के समय बिजली के तारों पर लोग कपड़ा सुखाते थे, लेकिन अब जिला मुख्यालय पर 24 घंटे, तहसील मुख्यालयों में 22 घंटे और ग्रामीण क्षेत्र में 18 से 20 घंटे बिजली आपूर्ति हो रही है।
44 लाख में से 34 लाख मामलों का किया जा चुका निस्तारण
सीएम ने तहसीलों का जिक्र करते हुए राजस्व से जुड़े हुए पैमाइश, नामांतरण, वरासत, लैंड यूज आदि विवादों की चर्चा की। बोले कि 2017 में जब हम लोग आए थे, तब यूपी में 34 लाख मामले पेंडिंग थे। आज हर वर्ष औसतन 1 लाख मामले आते हैं यानी इस दौरान 9 से 10 लाख नए मामले आए। कुल मिलाकर 44 लाख मामले हुए और अब तक हम 34 लाख से अधिक मामलों का निस्तारण कर चुके हैं। सीएम ने डबल इंजन सरकार की स्पीड को बुलेट ट्रेन की स्पीड बताई तो साइकिल की स्पीड पर व्यंग्य भी कसा। अंत में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नमामि गंगे परियोजना की सफलता का भी जिक्र किया।


