110 करोड़ की कथित ठगी और मनी लॉन्ड्रिंग मामले में कार्रवाई, लखनऊ–दिल्ली–उत्तरकाशी में संपत्तियों पर शिकंजा
लखनऊ। इनफ़ोर्समेंट डायरेक्टरते (ईडी) ने एनी ग्रुप से जुड़े कथित मनी लॉन्ड्रिंग मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब 7.30 करोड़ रुपये मूल्य की संपत्तियों को अस्थायी रूप से अटैच कर लिया है। यह कार्रवाई प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA) के तहत की गई है।
110 करोड़ की कथित ठगी के मामले
जांच एजेंसियों के अनुसार, एनी ग्रुप के खिलाफ लगभग 110 करोड़ रुपये की कथित ठगी से जुड़े कई मामले दर्ज हैं। इन्हीं एफआईआर के आधार पर ईडी ने मनी लॉन्ड्रिंग का केस दर्ज कर जांच शुरू की थी।
तीन राज्यों में संपत्तियां अटैच
ईडी द्वारा जिन संपत्तियों को अटैच किया गया है, वे लखनऊ, दिल्ली और उत्तरकाशी में स्थित बताई जा रही हैं। कार्रवाई के दायरे में अचल संपत्तियों के अलावा फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) भी शामिल हैं।
कंपनी मालिक और अन्य पर FIR
सूत्रों के मुताबिक, कंपनी के मालिक अजीत कुमार गुप्ता का नाम प्राथमिकी में दर्ज है। इसके अलावा निहारिका सिंह और कंपनी से जुड़े कई अन्य लोगों के खिलाफ भी मामले दर्ज किए गए हैं। एजेंसी अब वित्तीय लेनदेन और निवेशकों से जुड़ी रकम की जांच कर रही है।
पहले भी हो चुकी है कार्रवाई
बताया जा रहा है कि वर्ष 2023 में भी ईडी ने इसी प्रकरण में लगभग 9.1 करोड़ रुपये की संपत्तियां अटैच की थीं। ताजा कार्रवाई के बाद अब तक कुल 16.4 करोड़ रुपये की संपत्तियां अटैच की जा चुकी हैं।
ईडी का कहना है कि मामले में आगे की जांच जारी है और यदि जरूरत पड़ी तो और भी संपत्तियां अटैच की जा सकती हैं। एजेंसी पूरे वित्तीय नेटवर्क और कथित फंड फ्लो की जांच कर रही है।


