आगरा। आगरा के एस एन मेडिकल कॉलेज परिसर में अव्यवस्था का आरोप सामने आया है। एक युवक, जिसने अपना नाम राजकुमार बताया, ने आरोप लगाया कि उसे अपनी बीमार बेटी के इलाज के दौरान स्ट्रेचर नहीं मिला, जिसके कारण वह उसे कंधे पर लेकर अस्पताल परिसर में भटकता रहा।
पीड़ित ने खुद को राजस्थान का निवासी बताते हुए कहा कि वह पिछले तीन वर्षों से अपनी बेटी का इलाज करा रहा है। उसका आरोप है कि अस्पताल में इमरजेंसी से लेकर वार्ड तक उसे कोई स्ट्रेचर उपलब्ध नहीं कराया गया।
राजकुमार ने यह भी आरोप लगाया कि उसे रैन बसेरा में ठहरने से मना कर दिया गया, जिससे उसे काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।
मामले के सामने आने के बाद कॉलेज प्रशासन हरकत में आया। प्राचार्य डॉ. प्रशांत गुप्ता ने पूरे प्रकरण की जांच के आदेश दिए हैं। उनका कहना है कि इमरजेंसी, वार्ड और ओपीडी में स्ट्रेचर उपलब्ध हैं और यदि कहीं लापरवाही हुई है तो जिम्मेदारी तय की जाएगी।
अस्पताल प्रशासन का दावा है कि मरीजों को सुविधाएं उपलब्ध कराई जाती हैं। अब जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि आरोपों में कितनी सच्चाई है और क्या वास्तव में व्यवस्था में कोई कमी रही।
यह घटना सरकारी अस्पतालों की व्यवस्थाओं पर सवाल खड़े करती है और मरीजों की सुविधा सुनिश्चित करने की आवश्यकता को रेखांकित करती है।
एसएन मेडिकल कॉलेज में अव्यवस्था का आरोप, बेटी को कंधे पर लेकर भटकता रहा पिता


