– 12 मार्च तक चलेगी परीक्षा, 53 लाख से अधिक परीक्षार्थी होंगे शामिल
प्रयागराज। उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद की हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट की परीक्षाएं 18 फरवरी से पूरे प्रदेश में प्रारंभ हो रही हैं। परीक्षाएं 12 मार्च तक संचालित होंगी। इस वर्ष 53 लाख से अधिक परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल होंगे, जिसके चलते प्रदेशभर में व्यापक तैयारियां की गई हैं।
प्रदेश में कुल 8033 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। परीक्षा दो पालियों में आयोजित होगी।
पहली पाली सुबह 8:30 बजे से 11:45 बजे तक और दूसरी पाली दोपहर 2:00 बजे से 5:15 बजे तक चलेगी। सभी परीक्षार्थियों को समय से पहले परीक्षा केंद्र पर पहुंचने के निर्देश दिए गए हैं।
परीक्षा की निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए प्रदेश के 18 जिलों को संवेदनशील घोषित किया गया है। इसके अलावा 20 अति संवेदनशील परीक्षा केंद्रों पर विशेष रूप से जैमर लगाए गए हैं, ताकि मोबाइल या अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के माध्यम से नकल की संभावना को रोका जा सके।
सभी परीक्षा केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। परीक्षा कक्षों की निगरानी लाइव की जाएगी। राज्य स्तर पर कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है, जहां से पूरे प्रदेश की गतिविधियों पर नजर रखी जाएगी। किसी भी प्रकार की गड़बड़ी की सूचना मिलने पर तत्काल कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस और एसटीएफ की तैनाती
संवेदनशील जिलों और केंद्रों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। साथ ही एसटीएफ की टीमें भी सक्रिय रहेंगी, जो संगठित नकल गिरोहों पर नजर रखेंगी। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि किसी भी प्रकार की अनियमितता को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
प्रदेश में लागू नकल विरोधी कानून के तहत दोषी पाए जाने पर कड़ी सजा का प्रावधान है। नकल या नकल कराने के मामलों में सात वर्ष तक की सजा और एक करोड़ रुपये तक जुर्माना लगाया जा सकता है।
शिक्षा विभाग और प्रशासन ने परीक्षार्थियों से अपील की है कि वे नियमों का पालन करें और किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें। बोर्ड परीक्षाओं को नकलविहीन, पारदर्शी और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए शासन पूरी तरह प्रतिबद्ध है।


