फर्रुखाबाद।जिले की सातनपुर मंडी में सोमवार को आलू के भाव किसानों के लिए निराशाजनक रहे। बाजार में अलग-अलग किस्मों के आलू बेहद कम दामों पर बिके, जिससे किसानों की आमदनी पर सीधा असर पड़ा। मंडी में आलू 301 से 401 रुपये प्रति कुंतल, गड्ड किस्म 401 से 551 रुपये, जबकि छट्ठा और हालैंड किस्म 601 से 721 रुपये प्रति कुंतल के भाव पर ज्यादातर बिक्री दर्ज की गई।
मंडी सूत्रों के अनुसार, गत दिवस की तुलना में सोमवार को आवक 200 मोटर रही।लेकिन किसानों को अपेक्षित आमदनी नहीं हो सकी। सातनपुर मंडी में लगभग 100 मोटर आलू की आमद दर्ज की गई, लेकिन खरीदार सीमित रहे, जिससे भाव दबाव में बने रहे।
किसानों का कहना है कि मौजूदा दाम उनकी लागत तक नहीं निकाल पा रहे हैं। बीज, खाद, सिंचाई, मजदूरी और डीजल जैसे खर्च पहले ही बढ़ चुके हैं, ऐसे में आलू की खेती घाटे का सौदा साबित हो रही है। कई किसानों ने बताया कि खेत से आलू निकालने में भी खर्च आ रहा है, लेकिन मजबूरी में खुदाई करनी पड़ रही है।
बताया जा रहा है कि रबी सीजन के बाद अब किसान अगली फसल की तैयारी में जुट गए हैं। मक्का और मूंगफली जैसी फसलों की बुवाई के लिए खेत खाली करना जरूरी है, इसी कारण कम दाम के बावजूद किसान आलू की खुदाई कर मंडी ला रहे हैं।
किसानों ने यह भी बताया कि भंडारण की सुविधा और कोल्ड स्टोरेज का खर्च भी उनकी परेशानी बढ़ा रहा है। छोटे और मझोले किसान आलू को लंबे समय तक रोककर रखने की स्थिति में नहीं हैं, जिस कारण वे तुरंत बिक्री को मजबूर हैं।
कृषि विशेषज्ञों का मानना है कि आवक अधिक होने और मांग कमजोर रहने से फिलहाल आलू के भाव में सुधार की उम्मीद कम है। सोमवार सोमवार को सातनपुर मंडी में आलू भाव हुए स्थिर रहे। आमदनी लगभग 200 मोटर रही पिछले दिन जैसे ही भाव रहे,301 से 401 रुपए अच्छे गड्ड आलू , सामान्य छट्ठा 401 से 481 रुपए व सुपर छट्ठा 481 से 581 रुपए और हालैंड आलू 681 से 751 रुपए प्रति कुंतल में ज्यादातर बिके , बगैर छिले हुए पके आलू की डिमांड अच्छी रही ।






