आगरा–फर्रुखाबाद मार्ग पर ‘अटल सेवा बस’ से सफर होगा प्रदूषण मुक्त
फर्रुखाबाद। उत्तर प्रदेश परिवहन निगम द्वारा यात्रियों को प्रदूषण रहित और आधुनिक सुविधाओं से युक्त सफर उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। फर्रुखाबाद डिपो में इलेक्ट्रिक बसों के संचालन की तैयारी लगभग पूरी कर ली गई है और फिलहाल दो बसों की टेस्टिंग शुरू हो चुकी है। अधिकारियों का कहना है कि परीक्षण सफल रहने के बाद जल्द ही और बसें भी इस रूट पर संचालित की जाएंगी।
परिवहन निगम के एआरएम राजेश कुमार ने बताया कि ये इलेक्ट्रिक बसें पूरी तरह प्रदूषण मुक्त हैं और डीजल बसों की तुलना में इनका रखरखाव खर्च भी कम आता है। इलेक्ट्रिक मोटर से संचालित होने के कारण इनमें झटके कम लगते हैं, जिससे यात्रियों को अधिक आरामदायक यात्रा का अनुभव मिलता है। फर्रुखाबाद डिपो परिसर में इन बसों के लिए विशेष चार्जिंग पॉइंट स्थापित किया गया है, जहां बसों को निर्धारित समय में चार्ज किया जा रहा है।
परिवहन विभाग द्वारा शुरू की गई यह इलेक्ट्रिक बस सेवा ‘अटल सेवा बस’ के नाम से संचालित की जा रही है। वर्तमान में ये बसें आगरा से फर्रुखाबाद के बीच चलाई जा रही हैं। अधिकारियों के अनुसार यह सेवा पूरे उत्तर प्रदेश में चरणबद्ध तरीके से लागू की जा रही है, ताकि अधिक से अधिक यात्रियों को पर्यावरण अनुकूल यात्रा का लाभ मिल सके।
इन बसों में यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए कई आधुनिक व्यवस्थाएं की गई हैं। प्रत्येक सीट पर एयर कंडीशनिंग की सुविधा उपलब्ध है। साथ ही मोबाइल चार्जिंग प्वाइंट, अग्निशमन यंत्र और प्राथमिक उपचार बॉक्स भी लगाए गए हैं। सीटों को पीछे की ओर मोड़ने की सुविधा दी गई है, जिससे लंबी दूरी की यात्रा में यात्रियों को अतिरिक्त आराम मिल सके।
तकनीकी जानकारी के अनुसार, एक बार पूर्ण रूप से चार्ज होने पर बस लगभग 250 किलोमीटर तक की दूरी तय कर सकती है। आगरा से फर्रुखाबाद के बीच लगभग 200 किलोमीटर की दूरी तय करने में करीब पांच घंटे का समय लगता है और इस दौरान बैटरी की लगभग 55 से 60 प्रतिशत क्षमता खर्च होती है। फर्रुखाबाद पहुंचने के बाद बस को चार्जिंग स्टेशन पर लगाया जाता है, जहां लगभग एक घंटे में बैटरी दोबारा चार्ज हो जाती है। इन बसों की औसत रफ्तार लगभग 80 किलोमीटर प्रति घंटा बताई जा रही है, जिससे समयबद्ध संचालन सुनिश्चित किया जा सके।
आगरा से फर्रुखाबाद तक का किराया 427 रुपये निर्धारित किया गया है। परिवहन निगम का मानना है कि यह सेवा न केवल पर्यावरण संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है, बल्कि यात्रियों को सुरक्षित, सस्ता और आरामदायक विकल्प भी प्रदान करेगी। स्थानीय लोगों ने इस पहल का स्वागत करते हुए उम्मीद जताई है कि भविष्य में अन्य प्रमुख मार्गों पर भी इलेक्ट्रिक बसों का संचालन शुरू किया जाएगा।






