फर्रुखाबाद। अमृतपुर थाना क्षेत्र स्थित मंझागांव के पास जमीन से डीजल निकलने की अफवाह फैलते ही इलाके में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर जमा हो गए। देखते ही देखते जमीन को लेकर लोगों के बीच कहासुनी शुरू हो गई, जो कुछ देर के लिए भिड़ंत जैसी स्थिति में बदल गई। हालांकि स्थानीय लोगों और पुलिस की समझाइश के बाद मामला शांत करा दिया गया।
घटना की गंभीरता को देखते हुए आजमगढ़ से पेट्रोलियम विभाग की एक विशेष टीम मौके पर पहुंची। टीम ने अत्याधुनिक उपकरणों की मदद से लगभग 200 फीट गहराई तक जमीन की जांच की। जांच के दौरान भूमिगत कंपन (वाइब्रेशन) उत्पन्न किया गया, साथ ही पानी के भीतर नियंत्रित विस्फोट (ब्लास्ट) भी किए गए, ताकि यह पता लगाया जा सके कि जमीन के नीचे कहीं डीजल या पेट्रोल जैसे किसी पेट्रोलियम पदार्थ का भंडार तो मौजूद नहीं है।
पेट्रोलियम विभाग की टीम का नेतृत्व कर रहे अनुपम दुबे ने बताया कि पूरी जांच वैज्ञानिक पद्धति से की जा रही है। उन्होंने कहा कि मानकों के अनुसार हर तीन किलोमीटर के दायरे में परीक्षण किया जाता है, जिससे भूमिगत पेट्रोलियम पदार्थ की उपस्थिति या अनुपस्थिति स्पष्ट हो सके। टीम ने अलग-अलग बिंदुओं पर सैंपल भी लिए हैं, जिन्हें परीक्षण के लिए भेजा जाएगा।
अनुपम दुबे ने बताया कि फिलहाल जांच प्रक्रिया जारी है और सभी तकनीकी पहलुओं की गहनता से जांच की जा रही है। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि जमीन से डीजल निकलने की बात कितनी सही है या यह केवल अफवाह थी। वहीं इस घटनाक्रम को लेकर मंझागांव सहित आसपास के गांवों में दिनभर चर्चा का माहौल बना रहा और लोग जांच के परिणाम का इंतजार करते नजर आए। पुलिस और प्रशासन की ओर से क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए सतर्कता बरती जा रही है।






