शमशाबाद, फर्रुखाबाद: ढाई घाट शमशाबाद (Dhai Ghat Shamshabad) स्थित गंगा नदी के तट पर लगे ऐतिहासिक रामनगरिया मेला (Ramnagariya fair) में अवैध वसूली को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। मेला अपने अंतिम चरण में है और प्रतिदिन हजारों श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ रही है, लेकिन इसी बीच मेला क्षेत्र में कारोबार कर रहे छोटे-बड़े व्यापारियों के उत्पीड़न का मामला सामने आया है।
जानकारी के अनुसार मेला क्षेत्र में ठेकेदार बृजेश यादव के संरक्षण में उसके गुर्गों द्वारा दुकानदारों से 250 रुपये प्रति 4 फुट के हिसाब से अवैध वसूली का दबाव बनाया जा रहा था। बीते दिवस शाम को जब एक महिला दुकानदार से अवैध वसूली की मांग की गई और उसने इसका विरोध किया, तो ठेकेदार के गुर्गों ने दबंगई दिखाते हुए महिला की दुकान का सामान फेंक दिया। आरोप है कि इस दौरान ठेकेदार ने महिला दुकानदार को धमकी देते हुए कहा कि “हम पर पहले से कई मुकदमे चल रहे हैं, एक और सही।”
इस घटना के बाद मेला क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई। ठेकेदार के गुर्गों की इस हरकत से आक्रोशित व्यापारियों की भीड़ जुट गई और सभी ने एक स्वर में अवैध वसूली का विरोध किया। व्यापारियों ने तत्काल डायल 112 पर कॉल कर पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और घटना की जांच-पड़ताल की।
पुलिस की मौजूदगी में व्यापारियों ने आरोप लगाया कि ठेकेदार के संरक्षण में लगातार अवैध वसूली की जा रही है और विरोध करने पर धमकी व उत्पीड़न का सामना करना पड़ता है। महिला दुकानदार का आरोप है कि वह पहले ही 2000 रुपये दे चुकी है, इसके बावजूद उससे दोबारा अवैध वसूली का दबाव बनाया गया।
घटना के दौरान जब दुकानदारों की भीड़ बढ़ने लगी तो ठेकेदार मौके से खिसक गया। आक्रोशित दुकानदारों ने उसे दौड़ाने का भी प्रयास किया। पूरे घटनाक्रम से मेला क्षेत्र में तनाव का माहौल बन गया। वहीं, हमारे समाचार प्रतिनिधि द्वारा जब इस मामले में ठेकेदार बृजेश यादव से बात की गई तो उन्होंने सभी आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि मेला क्षेत्र में सभी दुकानदारों के साथ समान व्यवहार किया जा रहा है और उत्पीड़न का आरोप पूरी तरह गलत है।


