सीनियर न्यूरोसर्जन प्रो. राजकुमार ने बताया लंबी उम्र का आसान और सस्ता फॉर्मूला
आज की भागदौड़ भरी ज़िंदगी में जहां लोग फिट रहने के लिए जिम, महंगे उपकरण और पर्सनल ट्रेनर पर हजारों रुपये खर्च कर रहे हैं, वहीं स्वास्थ्य विशेषज्ञ एक बेहद सरल और सस्ती एक्सरसाइज को सबसे प्रभावी बता रहे हैं—सीढ़ियां चढ़ना।
देश के वरिष्ठ न्यूरोसर्जन प्रोफेसर राजकुमार के अनुसार, यदि कोई व्यक्ति नियमित रूप से सीढ़ियां चढ़ने की आदत डाल ले, तो वह कई गंभीर बीमारियों से खुद को बचा सकता है और लंबी उम्र की ओर बढ़ सकता है।
प्रो. राजकुमार बताते हैं कि शारीरिक रूप से सक्रिय व्यक्ति महज़ 10 मिनट से भी कम समय में 34 मंज़िल तक सीढ़ियां चढ़ सकता है। यह उदाहरण इस बात का प्रमाण है कि सीढ़ियां चढ़ना सिर्फ एक रोज़मर्रा की गतिविधि नहीं, बल्कि एक हाई-इंटेंसिटी फुल-बॉडी वर्कआउट है।
दिल, दिमाग और मांसपेशियों—तीनों के लिए फायदेमंद
प्रो. राजकुमार, जो राजेंद्र आयुर्विज्ञान विज्ञान संस्थान, रांची के निदेशक भी हैं, बताते हैं कि सीढ़ियां चढ़ने से हृदय मजबूत होता है और हार्ट अटैक का खतरा कम होता है
मस्तिष्क में रक्त संचार बेहतर होता है, जिससे न्यूरोलॉजिकल स्वास्थ्य सुधरता है
पैरों, जांघों और कमर की मांसपेशियां मजबूत होती हैं
वजन नियंत्रित रहता है और मोटापा घटाने में मदद मिलती है
ब्लड प्रेशर और शुगर पर भी असर
नियमित रूप से सीढ़ियां चढ़ने वालों में हाई ब्लड प्रेशर, टाइप-2 डायबिटीज और कोलेस्ट्रॉल की समस्या अपेक्षाकृत कम पाई जाती है। यह एक्सरसाइज शरीर की इंसुलिन सेंसिटिविटी बढ़ाती है, जिससे शुगर कंट्रोल में रहती है।
मेंटल हेल्थ के लिए भी रामबाण
सीढ़ियां चढ़ना सिर्फ शारीरिक नहीं, बल्कि मानसिक स्वास्थ्य के लिए भी बेहद लाभकारी है। इससे—
तनाव और चिंता कम होती है
डिप्रेशन के लक्षण घटते हैं
नींद की गुणवत्ता बेहतर होती है
जिम नहीं, बहाने नहीं
प्रो. राजकुमार का साफ कहना है कि—“अगर कोई व्यक्ति रोज़ाना 10–15 मिनट भी सीढ़ियां चढ़ने की आदत बना ले, तो उसे जिम या महंगे फिटनेस उपकरणों की ज़रूरत नहीं पड़ेगी।”
सीढ़ियां हर जगह उपलब्ध हैं—घर, दफ्तर, अस्पताल, रेलवे स्टेशन—बस जरूरत है लिफ्ट की जगह सीढ़ियां चुनने की सोच विकसित करने की।
विशेषज्ञों के अनुसार, नियमित शारीरिक गतिविधि जीवन प्रत्याशा बढ़ाने में अहम भूमिका निभाती है और सीढ़ियां चढ़ना इस दिशा में सबसे आसान कदम है। यह आदत न केवल बीमारियों से बचाती है, बल्कि एक सक्रिय, आत्मनिर्भर और स्वस्थ जीवनशैली की नींव भी रखती है।
अगर आप सच में फिट रहना चाहते हैं, तो आज से ही लिफ्ट छोड़िए और सीढ़ियों को अपना दोस्त बनाइए—क्योंकि लंबी उम्र का रास्ता शायद यहीं से शुरू होता है।





