नई दिल्ली। उत्तर-पश्चिम भारत में मौसम एक बार फिर करवट लेने जा रहा है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने एक नए पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने की चेतावनी जारी की है। इसके असर से 30 जनवरी की रात से ही पहाड़ी इलाकों में मौसम बिगड़ना शुरू हो गया है, जबकि 1 और 2 फरवरी को इसका व्यापक प्रभाव देखने को मिलेगा।
मौसम विभाग के अनुसार हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के ऊंचाई वाले इलाकों में भारी बर्फबारी के साथ-साथ बारिश की संभावना है। इससे जनजीवन प्रभावित हो सकता है और पर्वतीय मार्गों पर फिसलन बढ़ने की आशंका है।
पश्चिमी विक्षोभ का असर पहाड़ों तक सीमित नहीं रहेगा। दिल्ली, उत्तर प्रदेश, हरियाणा और आसपास के मैदानी इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना जताई गई है। बारिश के बाद तापमान में गिरावट आएगी, जिससे ठिठुरन और बढ़ सकती है।
मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक बारिश के बाद उत्तर भारत के कई हिस्सों में ‘कोल्ड डे’ की स्थिति बन सकती है। सुबह और रात के समय घना कोहरा भी देखने को मिल सकता है, जिससे सड़क और रेल यातायात प्रभावित होने की आशंका है।
मौसम विभाग ने पहाड़ी इलाकों में यात्रा करने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। वहीं मैदानी क्षेत्रों में ठंड से बचाव के लिए विशेष सावधानी बरतने की जरूरत बताई गई है।





