शाहजहांपुर: जनपद में फार्मर रजिस्ट्री (farmer registry) के कार्य में हो रही अत्यधिक देरी को लेकर जिलाधिकारी (DM) “धर्मेंद्र प्रताप सिंह”, ने सख्त रुख अपनाया है। आज 29 जनवरी 2026 को जिलाधिकारी ने जनपद की प्रत्येक तहसील के उन ग्रामों के लेखपालों को बुलाकर समीक्षा की, जहां फार्मर रजिस्ट्री का कार्य अत्यधिक लम्बित चल रहा है।
इन ग्रामों की हुई समीक्षा
समीक्षा के दौरान जिन ग्रामों को चिन्हित किया गया, उनमें— पुवायां तहसील: बण्डा, नाहिल खास,तिलहर तहसील: जरगवां, वौरी सदर तहसील: शाहबाजनगर बांगर, घुसगवां बांगर, कुर्रिया कलां जलालाबाद तहसील: गुलरिया, वरूआ,कलान तहसील: पृथीपुर ढाई, खजुरी इन सभी ग्रामों के संबंधित लेखपालों को जिलाधिकारी के समक्ष उपस्थित होकर फार्मर रजिस्ट्री लंबित रहने के कारणों की जानकारी देनी थी।
समीक्षा बैठक में उपस्थित लेखपाल फार्मर रजिस्ट्री के लंबित रहने का कोई भी ठोस और स्पष्ट कारण नहीं बता सके। इस पर जिलाधिकारी ने गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए इसे गंभीर लापरवाही बताया। जिलाधिकारी ने सख्त निर्देश देते हुए कहा कि संबंधित ग्रामों में तीन दिवस के भीतर शत-प्रतिशत फार्मर रजिस्ट्री का कार्य हर हाल में पूरा किया जाए।
उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि निर्धारित समयसीमा के भीतर कार्य पूर्ण नहीं होता है, तो संबंधित कार्मिकों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। डीएम की इस सख्ती के बाद लेखपालों में हड़कंप मच गया है। प्रशासन का कहना है कि फार्मर रजिस्ट्री किसानों से जुड़ा महत्वपूर्ण कार्य है और इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।


