15 C
Lucknow
Wednesday, January 28, 2026

शाहजहांपुर के माय भारत स्वयंसेवकों ने मंडी (हिमाचल प्रदेश) में किया प्रदेश व जनपद का प्रतिनिधित्व

Must read

अंतरराज्यीय युवा आदान–प्रदान कार्यक्रम का सफल आयोजन
शाहजहांपुर।
मेरा युवा भारत (युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय, भारत सरकार) के तत्वावधान में आयोजित अंतरराज्यीय युवा आदान–प्रदान कार्यक्रम के अंतर्गत जनपद शाहजहांपुर के माय भारत स्वयंसेवकों ने हिमाचल प्रदेश के मंडी जनपद में रहकर उत्तर प्रदेश और शाहजहांपुर का प्रतिनिधित्व किया।
इस कार्यक्रम में शाहजहांपुर से दिव्यांशी मिश्रा, अभिषेक कुमार, कल्याणी करिणी पांडे, कुमारी वैष्णवी, शैलेन्द्र सिंह, बुद्ध प्रिय कुशवाहा और शगुन सक्सेना प्रतिभागी रहे, जबकि अमित श्रीवास्तव ने टीम एस्कॉर्ट के रूप में युवाओं के साथ सहभागिता की।
जिला युवा अधिकारी मयंक भदौरिया ने बताया कि यह कार्यक्रम 23 जनवरी से 27 जनवरी तक मंडी, हिमाचल प्रदेश में आयोजित हुआ। इस दौरान प्रतिभागियों ने विभिन्न विषयगत सत्रों, MY Bharat अनुभवात्मक शिक्षण, सांस्कृतिक गतिविधियों और स्थानीय भ्रमण के माध्यम से हिमाचल प्रदेश की सामाजिक, सांस्कृतिक, पारंपरिक और भौगोलिक विविधताओं को नज़दीक से जाना।
साथ ही, उत्तर प्रदेश के अन्य जिलों से आए युवाओं के साथ संवाद कर “एक भारत–श्रेष्ठ भारत” की भावना को सशक्त किया और MYBharat–MYVote पदयात्रा में उत्साहपूर्वक भाग लिया।
कार्यक्रम के समापन अवसर पर साक्षी वर्मा (पुलिस अधीक्षक, मंडी) मुख्य अतिथि के रूप में तथा भारती मोंगरा (जिला युवा अधिकारी, मंडी) विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। उन्होंने प्रतिभागियों को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर उनके उत्साह, अनुशासन और सक्रिय सहभागिता की सराहना की।
जिला युवा अधिकारी मयंक भदौरिया ने कहा कि अंतरराज्यीय युवा आदान–प्रदान कार्यक्रम नेतृत्व क्षमता, आपसी भाईचारे और राष्ट्रीय एकता को मजबूत करने का प्रभावी माध्यम है। ऐसे कार्यक्रम युवाओं को देश की विविध संस्कृतियों को समझने और समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारियों के निर्वहन के लिए प्रेरित करते हैं।
इस अवसर पर समाजसेवी मुकेश परिहार, लेखाकार सोनम सचान, डॉ. रूपक श्रीवास्तव, नीरा श्रीवास्तव तथा डॉ. विनय सक्सेना ने भी प्रतिभागी युवाओं को शुभकामनाएँ दीं।
टीम एस्कॉर्ट अमित श्रीवास्तव ने कहा, “यह कार्यक्रम युवाओं के लिए केवल भ्रमण नहीं, बल्कि सीखने, समझने और स्वयं को बेहतर नागरिक के रूप में विकसित करने का अवसर रहा। पाँच दिनों के सत्रों ने युवाओं को हिमाचल की संस्कृति, परंपराएँ और जीवन मूल्यों से परिचित कराया, जिससे उनका व्यक्तित्व और सामाजिक दृष्टिकोण और समृद्ध हुआ।”

Must read

More articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Latest article