कमालगंजl विकासखंड के प्राथमिक विद्यालय बहोरना में शिक्षा व्यवस्था के साथ-साथ स्वच्छता व्यवस्था की भी पोल खुलती नजर आ रही है। यहां बीते कई दिनों से तैनात सफाई कर्मचारी स्कूल नहीं आ रहा है, जिससे विद्यालय की रोजमर्रा की साफ सफाई का जिम्मा शिक्षकों और शिक्षामित्र को खुद उठाना पड़ रहा है। हालात ऐसे हैं कि पढ़ाने से पहले शिक्षक झाड़ू लेकर परिसर और कक्षाओं की सफाई करने को मजबूर हैं।
प्राथमिक विद्यालय बहोरना में सुबह स्कूल खुलने के बाद इंचार्ज प्रधानाध्यापक रावेन्द्र कुमार दीक्षित, सहायक अध्यापक कीर्ति दीक्षित और शिक्षामित्र रीना देवी स्वयं झाड़ू पकड़कर कक्षाओं व परिसर की साफ सफाई करते हैं। शिक्षकों का कहना है कि बच्चों को स्वच्छ वातावरण देने के लिए मजबूरी में यह जिम्मेदारी निभानी पड़ रही है, लेकिन यह स्थिति लंबे समय तक चलना शिक्षा व्यवस्था के लिए उचित नहीं है।जब इस पूरे मामले को लेकर सहायक विकास अधिकारी (पंचायत) शैलेंद्र त्रिपाठी से बात की गई, तो उन्होंने बताया कि उन्होंने कुछ दिन पहले ही कमालगंज विकासखंड का चार्ज लिया है। उन्होंने आश्वासन दिया कि जल्द ही सफाई व्यवस्था सहित अन्य सभी व्यवस्थाओं को दुरुस्त करा दिया जाएगा।
विद्यालय में सफाई कर्मचारी की गैरहाजिरी से न केवल शिक्षकों पर अतिरिक्त बोझ बढ़ रहा है, बल्कि बच्चों की पढ़ाई भी प्रभावित हो रही है। ग्रामीणों और अभिभावकों ने मांग की है कि जिम्मेदार अधिकारियों द्वारा तत्काल संज्ञान लेकर विद्यालय में नियमित सफाई व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि शिक्षक शिक्षण कार्य पर पूरा ध्यान दे सकें और बच्चों को स्वच्छ व सुरक्षित माहौल मिल सके।





