बोले व्यापारी नेता—मानक के अनुरूप काम नहीं हुआ तो फिर होगा आंदोलन
फर्रुखाबाद। रेलवे रोड को मानक के अनुरूप बनाए जाने की मांग को लेकर महिला व्यापार मंडल एवं युवा व्यापार मंडल द्वारा दिया जा रहा धरना नगर पालिका अध्यक्ष के पति मनोज अग्रवाल से हुई वार्ता के बाद समाप्त हो गया। वार्ता के दौरान दो दिन बाद मानक के अनुसार निर्माण कार्य शुरू कराने का आश्वासन दिया गया, जिसके बाद व्यापारियों ने धरने को अस्थायी रूप से समाप्त कर दिया। हालांकि व्यापारियों ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि तय समय सीमा के भीतर कार्य शुरू नहीं हुआ तो पुनः आंदोलन किया जाएगा।
व्यापारी नेताओं ने बताया कि धरना केवल इसलिए समाप्त किया गया है क्योंकि प्रशासन की ओर से दो दिन का समय मांगा गया है। यह कोई स्थायी समाधान नहीं है। यदि रेलवे रोड का निर्माण मानक के अनुरूप नहीं किया गया तो व्यापार मंडल नई रणनीति बनाकर आंदोलन को और तेज करेगा।
उल्लेखनीय है कि “मानक बताओ, रोड बनाओ” के नारे के साथ यह धरना दिया गया था, जिसमें महिला व्यापार मंडल, युवा व्यापार मंडल के साथ नगर व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने भी भागीदारी की थी। दिनभर चले धरने के दौरान व्यापारियों में रोष बना रहा। शाम के समय नगर पालिका अध्यक्ष का पुतला जलाने की रणनीति भी बनाई गई थी, लेकिन मौके पर तैनात पुलिस बल ने पुतला दहन नहीं होने दिया।
इसके बाद देर शाम तक व्यापारियों और प्रशासनिक प्रतिनिधियों के बीच बातचीत चलती रही। इसी दौरान नगर पालिका अध्यक्ष के पति मनोज अग्रवाल धरना स्थल पर पहुंचे और व्यापारियों से वार्ता की। बातचीत के बाद इस बात पर सहमति बनी कि दो दिन बाद रेलवे रोड का निर्माण कार्य मानक के अनुरूप शुरू कराया जाएगा। इस आश्वासन के बाद व्यापारियों ने धरना समाप्त कर दिया।
महिला व्यापार मंडल की जिला अध्यक्ष सोनी शुक्ला ने रेलवे रोड के व्यापारियों का सहयोग के लिए आभार जताते हुए कहा कि यह लड़ाई पूरे व्यापारिक समाज की है और आगे भी सभी का सहयोग आवश्यक रहेगा। वहीं युवा व्यापार मंडल के प्रदेश उपाध्यक्ष अंकुर श्रीवास्तव ने कहा कि व्यापार मंडल के धरने से नगर पालिका में बेचैनी साफ नजर आई। उन्होंने बताया कि देर शाम हुई वार्ता में व्यापारियों की मांगों पर सहमति बनी, तभी धरना समाप्त किया गया। उन्होंने दो टूक कहा कि यदि दो दिन बाद भी सड़क का निर्माण मानक के अनुरूप नहीं हुआ तो आंदोलन दोबारा शुरू किया जाएगा।
बताते चलें कि इस आंदोलन के दौरान जिला और नगर व्यापार मंडल के बीच मतभेद भी सामने आए। जिला व्यापार मंडल अध्यक्ष सदानंद शुक्ला धरना स्थल पर मौजूद नहीं रहे, जिससे दोनों संगठनों के बीच दूरी स्पष्ट दिखाई दी। फिलहाल व्यापारियों ने प्रशासन को दो दिन का समय दिया है। अब सबकी नजर इस बात पर टिकी है कि रेलवे रोड निर्माण को लेकर दिया गया आश्वासन जमीन पर उतरता है या फिर शहर को एक बार फिर आंदोलन का सामना करना पड़ेगा।





