तमाम प्रयासों के बावजूद भी रुक नहीं रही चीनी मजे की बिक्री, जिला जज के निर्देशन में निकलेगी यात्रा
फर्रुखाबाद। प्रशासन के तमाम तमाम प्रयासों के बावजूद चाइनीज मांझे की बिक्री रुक नहीं पा रही है। पतंग विक्रेता चोरी छुपे चाइनीस मजे की बिक्री कर रहे हैं वही मांझे की कालाबाजारी की खबरें भी मिल रहीं हैं।
खबर है किदुकानों से दूर एजेंटो के माध्यम से चाइनीस मजे की बिक्री हो रही है हालांकि पुलिस प्रदर्शन अलर्ट बना हुआ है और जगह-जगह पर छापेमारी की खबरें और चीनी मजा पकड़े जाने की खबरें भी आ रही है फिर भी मजे की बिक्री पर पूरी तरह से रोक नहीं लग पा रही है जिसमें पुलिस की मिली भगत की अपुष्ट खबरें मिली हैं।
बताते चलें कि चायनीज माझा जनजीवन के लिए खतरनाक साबित हो रहा है ।खतरनाक पदार्थ से निर्मित होने वाला यह उत्पाद कई स्थानों पर बड़ी घटनाओं का सवब भी बन चुका है। बसंत पंचमी के त्योहार पर नगर में पतंग वाली होती है पूर्व में सूट से बना हुआ माझा प्रयोग किया जाता था लेकिन कालांतर में चाइनीस माझा जब से आया है तब से साधारण मजे की बिक्री तो लगभग बंद जैसी हो गई है जिसे भी देखो वह चीनी मजा ढूंढता घूमता है। चाइनीस मजे के खतरे को देखते हुए प्रशासन ने इस मजे को प्रतिबंधित कर दिया लेकिन इसके बावजूद भी मजे की बिक्री चोरी छुपे धारा लेते हो रही है समय रहते अगर और भी कड़े कदम नहीं उठाए गए तो कोई भी बड़ी घटना होने की संभावना बनी रहेगी।
उधर चाइनीज मांझे की बिक्री के विरोध में सोमवार को जिला न्यायाधीश नीरज कुमार के निर्देशन में भारत विकास परिषद पांचाल शाखा ,इंडियन रेड क्रॉस सोसाइटी के संयुक्त सहयोग से सदर कोतवाली से एक जागरूकता रैली एवं जुलूस निकाले जाने की तैयारी चल रही हैं। भारत विकास परिषद पांचाल शाखा के वरिष्ठ पदाधिकारी कन्हैयालाल जैन ने बताया कि यह जुलूस जनहानि से लोगों को बचाने के लिए निकल जाएगा उन्होंने बताया कि 19 जनवरी को सुबह 11:00 बजे से जागरूकता अभियान निकलेगा और पूरे शहर में भ्रमण करके चाइनीस मजे की बिक्री और चीनी भाषा खरीदने वालों को इस महीने के खतरे से इस अवगत कराया जाएगा और तथा खरीद और बिक्री दोनों को ही बंद करने की अपील की जाएगी। उन्होंने जनसाधारण से रैली में भागीदारी करने और समाज को जनहानि की संभावना से सुरक्षित करने की अपील की है।
चायनीज मांझे की बिक्री के विरोध में सामाजिक संस्थाएं मैदान में, जागरूकता रैली की तैयारी


