नई दिल्ली/लखनऊ। देशभर में आज मकर संक्रांति का पावन पर्व श्रद्धा, आस्था और उल्लास के साथ मनाया जा रहा है। उत्तर भारत से लेकर पूर्वी और मध्य भारत तक पवित्र नदियों के तटों पर स्नान-दान के लिए श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा है। ब्रह्म मुहूर्त से ही घाटों पर हर-हर गंगे और जय श्रीराम के उद्घोष गूंजने लगे।
प्रयागराज में माघ मेले का दूसरा प्रमुख स्नान पर्व मकर संक्रांति आज मनाया जा रहा है। संगम तट पर तड़के ब्रह्म मुहूर्त से ही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। प्रशासन के अनुसार अब तक लाखों श्रद्धालु पवित्र स्नान कर चुके हैं। सुरक्षा, स्वच्छता और यातायात व्यवस्था के लिए व्यापक इंतजाम किए गए हैं।
धर्मनगरी वाराणसी में मकर संक्रांति के अवसर पर गंगा स्नान के लिए काशी के सभी 84 घाटों पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखने को मिली। गंगा आरती, दान-पुण्य और पूजा-अर्चना का क्रम दिनभर चलता रहा। श्रद्धालुओं ने सूर्योपासना कर पुण्य लाभ अर्जित किया।
सरयू तट: स्नान-दान का सिलसिला
सरयू तट पर भी मकर संक्रांति के अवसर पर श्रद्धा का सैलाब उमड़ा। घाटों पर स्नान-दान, जप-तप और पूजा का सिलसिला सुबह से जारी है। बड़ी संख्या में श्रद्धालु परिवार सहित घाटों पर पहुंचे।
हापुड़: गंगा स्नान आज भी जारी
हापुड़ में मकर संक्रांति के मौके पर गंगा स्नान का क्रम आज भी जारी रहा। आसपास के जिलों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु गंगा तट पर पहुंचे और आस्था की डुबकी लगाई। प्रशासन द्वारा भीड़ नियंत्रण के लिए विशेष इंतजाम किए गए।
रायबरेली: आस्था की डुबकी
रायबरेली में भी मकर संक्रांति पर आस्था का सैलाब देखने को मिला। भारी संख्या में भक्तों ने पवित्र नदियों और घाटों पर आस्था की डुबकी लगाई और दान-पुण्य किया।
मकर संक्रांति को सूर्य के मकर राशि में प्रवेश का पर्व माना जाता है। यह पर्व सूर्योपासना, दान-पुण्य और सामाजिक समरसता का संदेश देता है। देशभर में श्रद्धालु तिल-गुड़ दान, वस्त्र दान और अन्नदान कर पुण्य अर्जित कर रहे हैं।


