ईस्ट–वेस्ट कॉरिडोर और मेट्रो डिपो विस्तार की तैयारी तेज
लखनऊ: लखनऊ में मेट्रो (Lucknow Metro) परियोजना को गति देने के लिए लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) ने बड़ा कदम उठाया है। ईस्ट–वेस्ट कॉरिडोर के निर्माण के लिए अस्थायी मेट्रो कास्टिंग यार्ड की आवश्यकता को देखते हुए एलडीए कुल 12.5 हेक्टेयर भूमि उपलब्ध कराएगा। इससे मेट्रो के पिलर, गर्डर और अन्य संरचनात्मक हिस्सों के निर्माण में तेजी आएगी।
ईस्ट–वेस्ट कॉरिडोर के लिए कास्टिंग यार्ड हेतु बसंतकुंज आवासीय योजना के सेक्टर–के में लगभग 6 हेक्टेयर भूमि चिन्हित की गई है। यहां अस्थायी रूप से कास्टिंग यार्ड विकसित किया जाएगा, जिससे मेट्रो निर्माण कार्य स्थल के पास ही जरूरी ढांचों का निर्माण संभव हो सकेगा और समय व लागत दोनों की बचत होगी।
मेट्रो के दीर्घकालिक संचालन को ध्यान में रखते हुए सेक्टर–ए में लगभग 18 हेक्टेयर भूमि को मेट्रो डिपो के लिए प्रस्तावित किया गया है। यह डिपो मेट्रो ट्रेनों के रखरखाव, पार्किंग और परिचालन का प्रमुख केंद्र बनेगा। प्रस्ताव के अनुसार, दुबग्गा मछली मंडी की वर्तमान भूमि को भी मेट्रो डिपो क्षेत्र में शामिल किया जाएगा। इसके बदले मछली मंडी को वरुण विहार आवासीय योजना में नई जमीन उपलब्ध कराए जाने की योजना है, ताकि व्यापारियों और व्यवसाय से जुड़े लोगों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
अन्य क्षेत्रों में भी भूमि की मांग
मेट्रो विस्तार योजना के तहत चौक, चारबाग और गौतमबुद्ध मार्ग क्षेत्रों में भी भूमि की आवश्यकता जताई गई है। इन क्षेत्रों में मेट्रो स्टेशन, प्रवेश–निकास, तकनीकी ढांचे और अन्य सहायक सुविधाओं के लिए जमीन चिन्हित की जा सकती है।
मेट्रो परियोजना को मिलेगा नया बल
एलडीए द्वारा भूमि उपलब्ध कराए जाने के इस निर्णय को लखनऊ मेट्रो के विस्तार की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है। इससे ईस्ट–वेस्ट कॉरिडोर का निर्माण समयबद्ध तरीके से पूरा होने की उम्मीद बढ़ गई है और शहर की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को मजबूत आधार मिलेगा। कुल मिलाकर, भूमि आवंटन की यह प्रक्रिया लखनऊ को आधुनिक और सुगम परिवहन व्यवस्था की ओर एक और कदम आगे ले जाती दिख रही है।


