Lucknowl वर्ष 2026 उत्तर प्रदेश के लिए नई उम्मीदों और बड़े बदलावों का साल साबित होने जा रहा है। योगी सरकार के एजेंडे में रोजगार, आधारभूत ढांचा, निवेश, स्वास्थ्य और सुरक्षा जैसे अहम क्षेत्रों को प्राथमिकता दी गई है। आने वाले साल में युवाओं को डेढ़ लाख से अधिक सरकारी नौकरियों का अवसर मिलेगा, जिससे रोजगार के क्षेत्र में बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। पुलिस विभाग में 30 हजार आरक्षी और 5 हजार सब इंस्पेक्टरों की भर्ती के साथ अन्य विभागों में भी बड़े पैमाने पर भर्तियां होंगी। शिक्षा विभाग में सहायक अध्यापक से लेकर प्रधानाचार्य तक 50 हजार पदों पर नियुक्तियां प्रस्तावित हैं, जबकि राजस्व, स्वास्थ्य, कारागार, आवास विकास और बाल विकास जैसे विभागों में भी हजारों पदों पर भर्तियां होंगी।
इंफ्रास्ट्रक्चर के मोर्चे पर 2026 ऐतिहासिक रहने वाला है। नोएडा के जेवर में बन रहा देश का सबसे बड़ा नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट शुरू होने की उम्मीद है, जो न केवल पश्चिमी उत्तर प्रदेश बल्कि पूरे देश के लिए हवाई संपर्क का बड़ा केंद्र बनेगा। 3300 एकड़ में फैला यह एयरपोर्ट भविष्य में पांच रनवे के साथ सालाना करोड़ों यात्रियों को सेवा देगा। वहीं, 594 किलोमीटर लंबा गंगा एक्सप्रेसवे भी प्रदेश को नई आर्थिक रफ्तार देगा। मेरठ से प्रयागराज को जोड़ने वाला यह एक्सप्रेसवे 12 जिलों और सैकड़ों गांवों से होकर गुजरेगा, जिससे उद्योग, व्यापार और रोजगार को बढ़ावा मिलेगा।
निवेश के क्षेत्र में भी सरकार बड़े कदम उठाने जा रही है। वर्ष 2026 की शुरुआत में पांचवां ग्राउंड ब्रेकिंग समारोह आयोजित किया जाएगा, जिसके जरिए पांच लाख करोड़ रुपये से अधिक की निवेश परियोजनाएं जमीन पर उतरेंगी। इससे लाखों युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। इसके साथ ही एक और वैश्विक निवेशक सम्मेलन की तैयारी की जा रही है, ताकि प्रदेश को देश-विदेश से और अधिक निवेश आकर्षित किया जा सके। निवेश को सरल बनाने के लिए निवेश मित्र 3.0 लॉन्च किया जाएगा, जिससे ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को नई गति मिलेगी।
स्वास्थ्य और सुरक्षा के क्षेत्र में भी बड़े बदलाव नजर आएंगे। आयुष अस्पतालों में 53 प्रकार की सर्जरी की सुविधा शुरू होगी, जिससे एलोपैथ अस्पतालों पर दबाव कम होगा और मरीजों को बेहतर विकल्प मिलेंगे। दवाओं की कालाबाजारी पर लगाम लगाने के लिए सख्त नियम बनाए जाएंगे, खासकर कोडीनयुक्त कफ सिरप और एनडीपीएस श्रेणी की दवाओं पर निगरानी बढ़ाई जाएगी। वहीं, साइबर ठगी पर अंकुश लगाने के लिए कॉल सेंटर की क्षमता दोगुनी की जाएगी। परिवहन सुविधा को बेहतर बनाने के लिए कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे का काम फरवरी 2026 तक पूरा होने की उम्मीद है, जिससे दोनों शहरों के बीच यात्रा समय घटकर महज 40 मिनट रह जाएगा।
कुल मिलाकर, वर्ष 2026 उत्तर प्रदेश के लिए विकास, निवेश और जनसुविधाओं के विस्तार का नया अध्याय लिखने वाला है, जो प्रदेश को आर्थिक रूप से मजबूत करने के साथ-साथ आम जनता के जीवन को भी अधिक सुविधाजनक बनाएगा।





