स्वामी प्रसाद मौर्य को बताया दोस्त
बदायूं।
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव शिवपाल सिंह यादव ने बदायूं में स्पष्ट संदेश दिया है कि सपा में अब किसी भी स्तर पर गुटबाजी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि संगठन में अनुशासन और एकजुटता ही पार्टी की असली ताकत है। इसी के तहत बदायूं जिले की सभी फ्रंटल इकाइयों को भंग कर दिया गया है, जबकि जिला कार्यकारिणी को भी भंग करते हुए केवल जिलाध्यक्ष को पद पर बनाए रखा गया है।
शिवपाल यादव दो दिवसीय दौरे पर बदायूं पहुंचे थे। उनके आगमन से पहले ही पार्टी के प्रदेश कार्यालय से आदेश जारी कर सभी फ्रंटल संगठनों—युवा सभा, छात्रसभा, महिला सभा, लोहिया वाहिनी और अन्य प्रकोष्ठों—को तत्काल प्रभाव से भंग करने के निर्देश दिए गए थे।
सभा को संबोधित करते हुए शिवपाल यादव ने कहा कि पार्टी में जो लोग गुटबाजी करते हैं, वे सपा की विचारधारा और अखिलेश यादव के नेतृत्व को कमजोर करते हैं। ऐसे लोगों की अब संगठन में कोई जगह नहीं होगी। उन्होंने यह भी कहा कि स्वामी प्रसाद मौर्य उनके पुराने दोस्त हैं, और पार्टी में अब सभी नेताओं को मिलजुलकर 2027 के विधानसभा चुनाव की तैयारी करनी चाहिए।
इस दौरान शिवपाल यादव ने बहुजन समाज पार्टी की प्रमुख मायावती पर भी निशाना साधा और कहा कि जनता अब जातिवादी राजनीति से ऊब चुकी है। लोग विकास और नेतृत्व की राजनीति चाहते हैं, और सपा ही जनता की उम्मीदों पर खरी उतरने वाली पार्टी है।





