– चेयरमैन की पत्नी सुनीता के भी शैक्षिक प्रमाण पत्रों पर उंगलियां उठी
फर्रुखाबाद। जिले में संचालित जेएस ग्रुप के शिक्षण संस्थान और अस्पताल एक बार फिर सुर्खियों में हैं। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, संबंधित विभागों की प्रारंभिक जांच में कई खामियाँ सामने आई हैं। बताया जा रहा है कि संस्थानों में निर्धारित सरकारी मानकों का पालन नहीं किया जा रहा है।
शिक्षा विभाग की रिपोर्ट में शिक्षण स्टाफ की योग्यता, प्रयोगशालाओं की स्थिति और भवन संरचना से जुड़े कई बिंदुओं पर गंभीर कमियाँ दर्ज की गई हैं। वहीं, स्वास्थ्य विभाग की टीम ने अस्पताल में स्वच्छता, चिकित्सकीय उपकरणों की उपलब्धता और रजिस्ट्रेशन नवीनीकरण जैसे मामलों में गड़बड़ियाँ पाई हैं।
सूत्रों का कहना है कि इन कमियों की जानकारी शासन स्तर तक पहुँच गई है, जिसके बाद संबंधित विभागों से विस्तृत रिपोर्ट मांगी गई है। शासन ने निर्देश दिया है कि यदि संस्थान निर्धारित मानकों पर खरे नहीं उतरते हैं तो उनकी मान्यता और रजिस्ट्रेशन की समीक्षा की जाए।
स्थानीय प्रशासन ने भी इन संस्थानों से जवाब तलब करने की तैयारी शुरू कर दी है। एक अधिकारी ने नाम न बताने की शर्त पर कहा कि “मानक पूरे न होने की शिकायतें गंभीर हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।”
उधर, जेएस ग्रुप प्रबंधन ने इस मामले में कोई औपचारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है। समूह के प्रतिनिधियों का कहना है कि “संस्थान सभी नियमों का पालन करते हैं, कुछ तकनीकी कारणों से निरीक्षण रिपोर्ट में असंगतियाँ दिख सकती हैं।”
फिलहाल, शासन की नजर इस पूरे मामले पर बनी हुई है, और संभावना है कि आने वाले दिनों में इन संस्थानों की दोबारा निरीक्षण टीम भेजी जा सकती है।





