ग्रेटर नोएडा| प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को उत्तर प्रदेश अंतरराष्ट्रीय व्यापार मेले 2025 का भव्य उद्घाटन किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी कार्यक्रम में हिस्सा लिया और युवाओं को ‘नौकरी बनाने वाले’ बनने का संदेश दिया।
प्रधानमंत्री मोदी ने आधिकारिक एक्स पोस्ट में लिखा कि 25 सितंबर को ‘मेक इन इंडिया’ और ‘वोकल फॉर लोकल’ के तहत विकसित भारत के संकल्प को नई गति मिलेगी। ग्रेटर नोएडा में आयोजित इस व्यापार मेले में आईटी से लेकर टेक्सटाइल तक भारत के सामर्थ्य की दुनिया गवाह बनेगी। उन्होंने कहा कि इससे निर्यातकों, छोटे कारोबारियों और आम जनता के लिए नए अवसर खुलेंगे।
सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि इसी साल नवंबर में उत्तर प्रदेश में 5 लाख करोड़ रुपये के निवेश की शिलान्यास समारोह होगी। प्रदेश के हर जिले में 100 एकड़ भूमि पर औद्योगिक विकास कार्य किए जाएंगे। उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री मोदी द्वारा किए गए जीएसटी सुधार से देश के बाजारों में रौनक लौट आई है और निवेश से अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
व्यापार मेले में आईटी एवं इलेक्ट्रॉनिक्स विभाग ने 200 वर्ग मीटर क्षेत्र में एआई मॉडल का लाइव प्रदर्शन पेश किया। कर्व्ड एलईडी वॉल, स्मार्ट वीडियो डिस्प्ले, वीआईपी लाउंज और स्टार्टअप्स के लिए समर्पित क्षेत्र जैसी आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित प्रदर्शनी तकनीकी प्रगति और नवाचार को प्रदर्शित कर रही है।
“अल्टीमेट सोर्सिंग बिग्नस हेयर” थीम पर आधारित यह मेगा आयोजन 25 से 29 सितंबर तक चलेगा। इसमें 2,400 से अधिक प्रदर्शक, 1,25,000 व्यवसायिक विजिटर्स और 4,50,000 सामान्य विजिटर्स के शामिल होने की उम्मीद है। प्रदर्शनी में उत्तर प्रदेश की पारंपरिक हस्तकला, टेक्सटाइल, चमड़ा उद्योग, कृषि, खाद्य प्रसंस्करण, सूचना प्रौद्योगिकी, इलेक्ट्रॉनिक्स और आयुष जैसे प्रमुख क्षेत्रों की झलक देखने को मिलेगी।
इस बार रूस को प्रमुख भागीदार के रूप में शामिल किया गया है, जो भारत-रूस द्विपक्षीय व्यापार, तकनीकी सहयोग और दीर्घकालिक भागीदारी को नई दिशा देगा। उद्घाटन के बाद प्रधानमंत्री मोदी दोपहर 1:45 बजे राजस्थान के बांसवाड़ा पहुंचेंगे, जहां वे 1,22,100 करोड़ रुपये की लागत वाली कई विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन करेंगे।
उत्तर प्रदेश अंतरराष्ट्रीय व्यापार मेला 2025 ने पिछले दो संस्करणों की तुलना में आकार और प्रभाव में दोगुना प्रगति की है और इस बार भी यह निवेश, निर्यात और नवाचार का बड़ा केंद्र बनने की उम्मीद है।





