500 आबादी प्रभावित, प्रशासन ने लगाई नावें, एसडीआरएफ टीम तैनात
कालपी,जालौन। जनपद जालौन की तहसील कालपी, जालौन और माधौगढ़ से होकर बहने वाली यमुना नदी में लगातार जलस्तर बढ़ने से बाढ़ के हालात बन गए हैं।
29 जुलाई 2025 को दोपहर 12 बजे कालपी केंद्र पर यमुना का जलस्तर 106.370 मीटर दर्ज किया गया। जनपद में बाढ़ का चेतावनी बिंदु 107 मीटर और खतरे का बिंदु 108 मीटर है। अनुमान है कि जलस्तर और बढ़ सकता है। बढ़ते पानी से कालपी तहसील के गांव पड़री और रायड़ दिवारा के संपर्क मार्ग जलमग्न हो गए हैं।
इससे लगभग 500 की आबादी प्रभावित हुई है। फिलहाल अन्य गांवों में आबादी प्रभावित नहीं है, लेकिन कालपी के 8, माधौगढ़ के 6 और जालौन के 5 गांवों की कृषि भूमि डूब में आ गई है। प्रशासन ने तत्काल राहत कार्य शुरू करते हुए 10 छोटी नावें और 6 बड़ी नावें लगाई हैं। बाढ़ चौकियों पर खाने-पीने का पानी, स्वास्थ्य सुविधा और पशुओं के लिए भूसा व दवाएं उपलब्ध करा दी गई हैं। एसडीआरएफ टीम मौके पर तैनात है।
तीनों तहसीलों के उपजिलाधिकारी व राजस्व टीम बाढ़ क्षेत्र में कैंप कर स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। पंचायत राज, स्वास्थ्य, पशुपालन व पुलिस विभाग के अधिकारी भी प्रभावित इलाकों में सक्रिय हैं।
जिलाधिकारी जालौन ने बाढ़ से जुड़े अधिकारियों को सतर्क रहने और त्वरित राहत कार्य करने के निर्देश दिए हैं। अभी तक किसी तरह की जनहानि या पशुहानि की सूचना नहीं है। क्षतिग्रस्त मकानों और फसलों का सर्वे कराया जा रहा है। जलस्तर बढ़ने की संभावना को देखते हुए प्रशासन ने चौकसी और तेज कर दी है।