क्रासर
मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रखने पर अड़े चिकित्सक, दूरदराज से अस्पताल पहुंच रहे मरीजों को हो रही परेशानी
फर्रुखाबाद। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के तहत कार्यरत चिकित्सकों की मांगों को लेकर चल रहा धरना-प्रदर्शन अब मरीजों के लिए परेशानी का कारण बनता जा रहा है। चिकित्सकों के आंदोलन के चलते अस्पताल में स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। इलाज की उम्मीद लेकर दूरदराज के क्षेत्रों से अस्पताल पहुंच रहे मरीजों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। कई मरीजों को बिना उपचार कराए ही वापस लौटने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है।
अस्पताल में इलाज कराने पहुंचने वाले मरीजों और उनके तीमारदारों को चिकित्सकीय सेवाओं के लिए इधर-उधर भटकना पड़ रहा है। ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले मरीजों की परेशानी और बढ़ गई है। कई मरीज लंबी दूरी तय करके अस्पताल पहुंचते हैं, लेकिन चिकित्सकों के धरने के कारण उन्हें समय पर उपचार नहीं मिल पा रहा है। ऐसे में मरीजों को निराश होकर वापस लौटना पड़ रहा है।
एनएचएम के तहत कार्यरत चिकित्सक अपनी विभिन्न मांगों को लेकर धरना-प्रदर्शन कर रहे हैं। चिकित्सकों का कहना है कि जब तक उनकी मांगों को पूरा नहीं किया जाता, तब तक उनका आंदोलन समाप्त नहीं होगा। उनका स्पष्ट कहना है कि मांगों पर ठोस निर्णय होने के बाद ही धरना समाप्त करने पर विचार किया जाएगा।
वहीं, इस आंदोलन का सीधा असर स्वास्थ्य सेवाओं पर दिखाई दे रहा है। अस्पताल पहुंचने वाले मरीजों को उम्मीद रहती है कि उन्हें समय पर चिकित्सकीय परामर्श और उपचार मिल सकेगा, लेकिन धरना-प्रदर्शन के चलते उनकी मुश्किलें बढ़ रही हैं। विशेष रूप से दूरदराज के क्षेत्रों से आने वाले मरीजों को आने-जाने में समय और धन खर्च करने के बाद भी उपचार नहीं मिल पाने से परेशानी उठानी पड़ रही है।
अब देखना यह है कि एनएचएम चिकित्सकों की मांगों को लेकर जिम्मेदार अधिकारी क्या कदम उठाते हैं और आंदोलन का समाधान कब तक निकल पाता है। फिलहाल चिकित्सक अपनी मांगों पर अड़े हुए हैं, जबकि मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिलने का इंतजार है।


