जेवर एयरपोर्ट का नाम प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नाम पर करने को मंजूरी, भदोही का नाम संत रविदासनगर भदोही होगा
यूपी-एआईएम और स्टार्टअप क्रय योजना-2026 को हरी झंडी, धान खरीद नीति को भी कैबिनेट की मंजूरी
आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों-सहायिकाओं को मिलेगी एक अतिरिक्त साड़ी, औद्योगिक विकास प्राधिकरणों में लागू होंगे मॉडल भवन विनियम-2026
लखनऊ, 09 अक्टूबर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में शुक्रवार को लोकभवन में कैबिनेट की बैठक में विकास, औद्योगिक निवेश, कृषि, रोजगार, तकनीक और जनकल्याण से जुड़े 39 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। कैबिनेट ने कई महत्वपूर्ण फैसलों के साथ प्रदेश को ‘विकसित उत्तर प्रदेश और विकसित भारत-2047’ के लक्ष्य की दिशा में तेजी से आगे बढ़ाने के संकल्प को दोहराया। कैबिनेट ने जेवर स्थित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का नाम प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नाम पर करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी। साथ ही भदोही का नाम संत रविदासनगर भदोही करने के प्रस्ताव पर भी मुहर लगाई गई।
तकनीक और नवाचार के क्षेत्र में बड़ा कदम उठाते हुए कैबिनेट ने उत्तर प्रदेश आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस मिशन (यूपी-एआईएम) की स्थापना को मंजूरी दी। इसके साथ ही प्रदेश में स्टार्टअप इकोसिस्टम को बढ़ावा देने के लिए उत्तर प्रदेश स्टार्टअप क्रय योजना-2026 को भी स्वीकृति प्रदान की गई। सरकार का उद्देश्य सरकारी खरीद में प्रदेश के स्टार्टअप्स को अवसर उपलब्ध कराते हुए नवाचार और उद्यमिता को प्रोत्साहित करना है।
कृषि क्षेत्र में कैबिनेट ने खरीफ विपणन वर्ष 2026-27 के लिए धान क्रय नीति निर्धारित करने के प्रस्ताव को हरी झंडी दी। इससे आगामी धान खरीद व्यवस्था को निर्धारित नीति के अनुरूप संचालित किया जाएगा। महिला एवं बाल विकास से जुड़े महत्वपूर्ण निर्णय में आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों और सहायिकाओं को एक अतिरिक्त साड़ी उपलब्ध कराने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी गई। वहीं औद्योगिक विकास प्राधिकरणों के लिए मॉडल भवन विनियम-2026 लागू करने का निर्णय लिया गया है, जिससे औद्योगिक क्षेत्रों में भवन निर्माण और विकास की प्रक्रिया को अधिक व्यवस्थित और मानकीकृत किया जा सकेगा। कैबिनेट ने उत्तर प्रदेश ब्याज माफी योजना-2026 लागू करने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी। इसके अलावा मैनपुरी में राज्य मार्ग संख्या-84 को चार लेन में चौड़ा करने के प्रस्ताव को स्वीकृति दी गई है।


