फर्रुखाबाद। शहर के आवास विकास क्षेत्र में रविवार को उस समय सनसनी फैल गई, जब डायमंड पैलेस के पास हुए विवाद के दौरान पूर्व विधायक एवं उत्तर प्रदेश कोऑपरेटिव बैंक के अध्यक्ष कुलदीप गंगवार को कथित तौर पर निशाना बनाकर गोली चला दी गई। फायरिंग की घटना में पूर्व विधायक बाल-बाल बच गए। दिनदहाड़े हुई गोलीबारी की सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, डायमंड पैलेस के पास बादल श्रीवास्तव पुत्र सरस श्रीवास्तव, निवासी आवास विकास, शाम करीब 5 बजे कुछ लोगों के साथ विवाद कर रहे थे। इसी दौरान पूर्व विधायक कुलदीप गंगवार के पुत्र अभय गंगवार ने विवाद को रोकने का प्रयास किया।
बताया जा रहा है कि इसी दौरान कुलदीप गंगवार अपनी कार से वहां पहुंचे। आरोप है कि विवाद कर रहे युवक ने पूर्व विधायक की ओर कथित रूप से हथियार तानकर फायरिंग कर दी। अचानक चली गोली से मौके पर अफरा-तफरी मच गई। पूर्व विधायक ने किसी तरह खुद को बचाया और वह गोली की चपेट में आने से बाल-बाल बच गए।
दिनदहाड़े पूर्व विधायक पर गोली चलने की सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन तत्काल सक्रिय हो गया। एसडीएम सदर तथा कादरी गेट थाना प्रभारी भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण करते हुए आसपास के लोगों से जानकारी जुटाई।
पुलिस टीम ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालना शुरू कर दिया है, ताकि फायरिंग की पूरी घटना और इसमें शामिल लोगों की भूमिका स्पष्ट हो सके। पुलिस द्वारा घटनास्थल से संबंधित साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं।
कुलदीप गंगवार उत्तर प्रदेश कोऑपरेटिव बैंक के वर्तमान अध्यक्ष होने के साथ ही भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेताओं में शामिल हैं। ऐसे में उनके ऊपर दिनदहाड़े फायरिंग की घटना ने राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में भी हलचल पैदा कर दी है।
घटना के बाद आवास विकास क्षेत्र में बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात रहा। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सीसीटीवी फुटेज और प्रत्यक्षदर्शियों के बयानों के आधार पर घटना की जांच की जा रही है। आरोपों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।
फिलहाल पुलिस मामले में तहरीर, साक्ष्यों और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आगे की कार्रवाई में जुटी है। गोली किस हथियार से चलाई गई और फायरिंग के पीछे वास्तविक कारण क्या था, इसका खुलासा पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगा।


