ममता गुट को ‘फुटबॉल खिलाड़ी’ तो अरूप राय गुट को मिला ‘लिफाफा’ चिन्ह
कोलकाता। तृणमूल कांग्रेस के नाम और चुनाव चिन्ह को लेकर चल रहे विवाद के बीच चुनाव आयोग ने शुक्रवार को दोनों प्रतिद्वंद्वी गुटों को अलग-अलग नाम और चुनाव चिन्ह आवंटित कर दिए। आयोग के फैसले के बाद ममता बनर्जी के नेतृत्व वाले गुट को ‘ममता ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस’ नाम और ‘फुटबॉल खिलाड़ी’ चुनाव चिन्ह मिला है, जबकि अरूप राय के नेतृत्व वाले गुट को ‘डेमोक्रेटिक तृणमूल कांग्रेस’ नाम के साथ ‘लिफाफा’ चुनाव चिन्ह आवंटित किया गया है।
आयोग ने इससे पहले मूल ‘ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस’ नाम और उसके पारंपरिक ‘फूल और घास’ चुनाव चिन्ह के इस्तेमाल पर रोक लगा दी थी। दोनों गुटों के बीच पार्टी के नाम और चुनाव चिन्ह को लेकर विवाद के चलते यह अंतरिम व्यवस्था की गई है।
नए नाम और चिन्ह आवंटित होने के बाद दोनों गुट आगामी उपचुनाव में अलग-अलग पहचान के साथ मैदान में उतर सकेंगे। चुनाव आयोग के मुताबिक यह व्यवस्था आगामी उपचुनावों के लिए लागू होगी और मूल नाम-चिन्ह को लेकर विवाद का अंतिम निपटारा अभी बाकी है।
ममता बनर्जी के गुट को मिला फुटबॉल खिलाड़ी चिन्ह पश्चिम बंगाल की राजनीति में खास चर्चा का विषय बन गया है। वहीं विरोधी गुट को लिफाफा चुनाव चिन्ह दिया गया है। दोनों गुटों को पश्चिम बंगाल के साथ मेघालय और त्रिपुरा में भी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दल के रूप में माना गया है।
इस फैसले के साथ तृणमूल कांग्रेस के भीतर चल रहा नाम और चुनाव चिन्ह का विवाद फिलहाल उपचुनावों के लिहाज से एक नए चरण में पहुंच गया है। वहीं ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग के फैसले पर आपत्ति जताते हुए इसे चुनौती देने का रुख अपनाया है।


