28 C
Lucknow
Tuesday, August 18, 2026

यूपी में बारिश-बाढ़ से बिगड़े हालात, हाईकोर्ट ने डीएम को तलब किया

Must read

 

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में मंगलवार को लगातार बारिश और बाढ़ से कई जिलों में हालात बिगड़ गए। प्रयागराज में भारी बारिश के कारण सड़कें तालाब बन गईं और रामबाग रेलवे स्टेशन के तीन प्लेटफॉर्म पानी में डूब गए। जलभराव के कारण हाईकोर्ट पहुंचने में कई जजों और वकीलों को परेशानी हुई। मामले का संज्ञान लेते हुए इलाहाबाद हाईकोर्ट ने जिलाधिकारी मनीष वर्मा और नगर आयुक्त सीलम साईं तेजा को तलब किया है।

अदालत ने जलभराव से निपटने की योजना पर जवाब मांगा है। नगर विकास विभाग के सचिव को भी हलफनामा दाखिल करने का निर्देश दिया गया है।

प्रयागराज के कई इलाकों में चार से पांच फीट तक पानी भर गया। घरों में पानी घुसने से लोगों का सामान और वाहन डूब गए। दारागंज में बक्शी बांध के पास खड़ी कार गंगा में समा गई, जिसे बाद में क्रेन की मदद से बाहर निकाला गया। रामबाग स्टेशन के तीनों प्लेटफॉर्म पर पानी भरने से ट्रेनों की आवाजाही प्रभावित हुई।

लखीमपुर खीरी में बाढ़ प्रभावित क्षेत्र का निरीक्षण करने पहुंचे एसडीएम यदुवीर सिंह की गाड़ी भी बाढ़ के पानी में फंस गई। ग्रामीणों ने करीब 20 मिनट की मशक्कत के बाद वाहन को बाहर निकाला। प्रतापगढ़ में लालगंज तहसील और कोतवाली समेत कई सरकारी भवनों में पानी भर गया। संभल में रोडवेज बस अड्डा और सरकारी अस्पताल भी जलभराव की चपेट में आ गए।

वाराणसी में गंगा का जलस्तर बढ़ने से घाट किनारे बने कई मंदिर पानी में डूब गए हैं। मणिकर्णिका और हरिश्चंद्र घाट के शवदाह स्थलों तक पानी पहुंच गया। गंगा का पानी नमो घाट तक पहुंचने के बाद प्रशासन ने बैरिकेडिंग कर लोगों से नदी किनारे नहीं जाने की अपील की है। चित्रकूट में मंदाकिनी का जलस्तर बढ़ने से रामघाट की सीढ़ियां भी डूब गईं।

मौसम विभाग ने बुधवार को प्रदेश के 68 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया है। 20 और 21 अगस्त को भारी बारिश की संभावना जताई गई है। गाजीपुर, सोनभद्र और मिर्जापुर में कक्षा आठ तक तथा प्रयागराज और कौशांबी में कक्षा 12 तक के विद्यालय बंद रखने के निर्देश दिए गए हैं।

पिछले 24 घंटे में बुलंदशहर में सबसे ज्यादा 118.6 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। संभल में 102.2 और प्रयागराज में 73.4 मिलीमीटर बारिश हुई। प्रदेश की कई नदियां उफान पर हैं और गंगा-यमुना के बढ़ते जलस्तर से तटीय जिलों में बाढ़ का खतरा बना हुआ है।

फर्रुखाबाद में भी गंगा का जलस्तर खतरे के निशान के करीब है। जिले के 62 गांव बाढ़ की चपेट में हैं और प्रभावित क्षेत्रों में नाव तथा मोटरबोट लगाई गई हैं।

Must read

More articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Latest article