यूथ इंडिया | फर्रुखाबाद।कमालगंज थाना क्षेत्र में वर्ष 2020 में हुए बहुचर्चित जानलेवा हमले के मामले में अदालत ने बड़ा फैसला सुनाते हुए तीन भाइयों समेत नौ दोषियों को 10-10 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने सभी दोषियों पर अलग-अलग धाराओं में अर्थदंड भी लगाया है। फैसले के बाद कोर्ट परिसर में हलचल मच गई, जबकि दोषियों के परिवारों में मायूसी छा गई।
मामला कमालगंज थाना क्षेत्र के मोहल्ला शास्त्री नगर निवासी व्यापारी अनिल कुमार गुप्ता पर हुए जानलेवा हमले से जुड़ा है। पीड़ित की ओर से दर्ज कराई गई रिपोर्ट में कहा गया था कि 13 नवंबर 2020 की रात वह तपस्वी बाग स्थित हनुमान मंदिर से दर्शन कर बाइक से घर लौट रहे थे। आरोप है कि गंगागली चौराहे के पास पुरानी रंजिश और राजनीतिक प्रतिद्वंद्विता के चलते पहले से घात लगाए बैठे आरोपियों ने उन्हें रोक लिया।
मुकदमे के अनुसार गांधीनगर निवासी अखिल गुप्ता उर्फ नेता, अमित गुप्ता उर्फ भगत, निखिल गुप्ता, राहुल गुप्ता पत्रकार, निहाल, रोहित, हर्ष गुप्ता और जतिन गुप्ता ने मिलकर हमला किया। आरोप था कि अखिल गुप्ता उर्फ नेता ने तमंचे से फायर किया, जिससे अनिल कुमार गुप्ता बाल-बाल बच गए। इसके बाद आरोपियों ने लाठी-डंडों, धारदार हथियारों और लात-घूंसों से हमला कर उन्हें गंभीर रूप से घायल कर दिया।
घटना के बाद पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की। विवेचक ने साक्ष्य जुटाने के बाद सभी आरोपियों के खिलाफ जानलेवा हमले सहित अन्य गंभीर धाराओं में आरोपपत्र न्यायालय में दाखिल किया।
मामले की सुनवाई विशेष न्यायाधीश दस्यु प्रभावित क्षेत्र शैलेन्द्र सिंह सचान की अदालत में हुई। अभियोजन और बचाव पक्ष की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने गवाहों, चिकित्सीय रिपोर्ट और अन्य साक्ष्यों के आधार पर सभी आरोपियों को दोषी करार दिया।
अदालत ने प्रत्येक दोषी को 10-10 वर्ष के कठोर कारावास और 66-66 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। साथ ही स्पष्ट किया कि अर्थदंड जमा न करने पर दोषियों को एक वर्ष का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। अदालत ने यह भी आदेश दिया कि वसूले गए अर्थदंड की आधी धनराशि घायल अनिल कुमार गुप्ता को दी जाएगी।फैसले के तुरंत बाद सभी दोषियों को न्यायिक हिरासत में लेकर जेल भेज दिया गया।


